हर बार ठोकर लगी , सोचा हमने अब न ठोकर खायेंगे
देखा तुमको जब हमने , सोचा एक बार और सही अगली बार जरूर सुधार जाएंगे
देखा तुमको जब हमने , सोचा एक बार और सही अगली बार जरूर सुधार जाएंगे
कुछ उलझे से सावाल नज़र आते है, न दिन न रात बस खयाल नज़र आते है, हो तेरी हर बातो में जबाब मेरे सरे सवालो का, बस यही दिलो...
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